Skip to main content

विदा हुए आचार्यरत्न श्री विद्यासागर जी महाराज, समाजजनो ने मौन विनयांजलि प्रकट की

 



अध्यात्म के सरोवर संत शिरोमणी आचार्य श्री 108 विद्या सागर जी महाराज के समाधि  मरण पर जैन समाज ने मोन रैली निकाल कर विनियांजली प्रकट की

सनावद (निप्र) – जैन समाज के सर्वोच्च संत शिरोमणी आचार्य श्री १०८विद्या सागर जी महाराज के समाधी मरण पर सकल जैन समाज आज स्तब्ध है। सन्मति जैन बताया की जैसे सभी ज्ञात हे की जैन समाज के लिए विद्या सागर जी महाराज का समाधी मरण का समाचार बहुत ही विचलित करने वाला था प्रातः 2.30 बजे यह समाचार पा कर आज सनावद जैन समाज बहुत ही स्तब्ध हो गया है । इसी कड़ी में आज सकल जैन समाज सनावद ने अपने प्रतिष्ठान बंद रख दोपहर में मौन रैली निकाली जो नगर के प्रमुख मार्गो से होती हुई बड़ा जैन मंदिर स्थित वर्तमान देशना संत निलय में विनियांजली सभा के रूप में संपन्न हुई जहां आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के चित्र के समक्ष सनावद थाना प्रभारी इंद्रेश जी त्रिपाठी सुनील जैन डीपीएस मुकेश जैन पेप्सी के द्वारा दीप प्रज्वलन किया गया तत्पश्चात विनियांजलि सभा में सर्वप्रथम सुनील जैन डीपीएस ने अपने आचार्य श्री के प्रति उदार प्रकट किया तत्पश्चात संगीता पटौदी ,थाना प्रभारी त्रिपाठी जी ,नरेंद्र भारती, राजेंद्र महावीर, अनुभव जैन सहित वारिस जैन ने भी आचार्य श्री के प्रति संस्मरण  प्रकट कर अपनी सच्ची श्रद्धांजलि प्रकट की। कार्यकम का। संचालन प्रशांत जैन ने किया। जैसा की ज्ञात है की आचार्य श्री विद्या सागर जी महाराज से सनावद नगर के 3 मुनि राज मुनि श्री श्रेष्ठ सागरजी ,मुनि श्री प्रयोग सागर जी,मुनि श्री प्रबोध सागर जी महाराज  दीक्षित होकर आज जैन समाज में धर्म की प्रभावना कर रहे हे। साथ ही ब्रह्मचारिणी सारिका दीदी भी आचार्य श्री की शिष्या पूर्णमति माताजी के संगस्थ है।

 आचार्य श्री का आजीवन चीनी का त्याग,आजीवन नमक का त्याग,आजीवन चटाई का त्याग आजीवन हरी सब्जी का त्याग, फल का त्याग,  अंग्रेजी औषधि का त्याग, सीमित ग्रास भोजन, सीमित अंजुली जल, 24 घण्टे में एक बार 365 दिन आजीवन दही का त्याग,सूखे मेवा का त्याग आजीवन तेल का त्याग, सभी प्रकार के भौतिक साधनो का त्याग एक करवट में शयन बिना चादर, गद्दे,  पुरे भारत में सबसे ज्यादा दीक्षा देने वाले एक ऐसे संत जो सभी धर्मो में पूजनीय  पुरे भारत में एक ऐसे आचार्य जिनका लगभग पूरा परिवार ही संयम के साथ मोक्षमार्ग पर चल रहा है।आचार्य विद्यासागर जी संस्कृत, प्राकृत सहित विभिन्न आधुनिक भाषाओं हिन्दी, मराठी और कन्नड़ में विशेषज्ञ स्तर का ज्ञान रखते हैं। उन्होंने हिन्दी और संस्कृत के विशाल मात्रा में रचनाएँ की हैं। सौ से अधिक शोधार्थियों ने उनके कार्य का मास्टर्स और डॉक्ट्रेट के लिए अध्ययन किया है।उनके कार्य में निरंजना शतक, भावना शतक, परीषह जाया शतक, सुनीति शतक और शरमाना शतक शामिल हैं। उन्होंने काव्य मूक माटी की भी रचना की है।विभिन्न संस्थानों में यह स्नातकोत्तर के हिन्दी पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाता है।आचार्य विद्यासागर जी कई धार्मिक कार्यों में प्रेरणास्रोत रहे हैं




Comments

Popular posts from this blog

लगातार ठिकाना बदल रहा आरोपी, मुंबई क्राईम ब्रांच की उज्जैन और ओंकारेश्वर में ताबड़तोड़ छापेमारी

उज्जैन (ब्यूरो) - एनसीपी नेता व महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या में शामिल एक आरोपी की तलाश में मुंबई पुलिस की टीम मध्यप्रदेश पहुंची है। पुलिस ने अब तक दो लोगों को गिरफ्तार किया है। हत्या में और लोगों के शामिल होने का संदेह है। एक पुलिस अधिकारी ने मुताबिक, मुंबई पुलिस की एक टीम मध्यप्रदेश पुलिस के साथ मिलकर आरोपी शिवकुमार गौतम उर्फ शिवा (जो उत्तर प्रदेश के बहराइच का रहने वाला है) की तलाश कर रही है। ऐसी आशंका है कि वह मध्यप्रदेश में छिपा हो सकता है और उसे मध्यप्रदेश के उज्जैन जिले और ओंकारेश्वर (खंडवा) में खोजा जा रहा है। रविवार शाम 7:30 बजे तक किसी का पता नहीं चल पाया है। उन्होंने दावा किया कि संदिग्ध आरोपी संभवत: लगातार अपना ठिकाना बदल रहा है। दो आरोपी गिरफ्तार क्राइम ब्रांच अधिकारी ने रविवार शाम को मुंबई में मीडिया को बताया, मुंबई पुलिस ने 15 टीमें गठित की हैं, जिन्हें महाराष्ट्र से बाहर भेजा गया है और यह पता लगाने के लिए जांच जारी है कि शूटरों को किसने रसद सहायता प्रदान की? पुलिस ने अब तक गिरफ्तार किए गए आरोपियों से दो पिस्तौल और 28 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं...

हनुवंतिया रिसॉर्ट में रुके दंपती के जलाशय में मिले शव, जांच जारी

खंडवा (ब्यूरो) - पुनासा ब्लॉक स्थित मिनी गोवा कहे जाने वाले पर्यटन स्थल हनुमंतिया में बड़ा हादसा सामने आया है। यहां सोमवार को पानी पर तैरते हुए दो शव नजर आए, जिसे देख मौके पर मौजूद पर्यटन विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में मूंदी थाना पुलिस सहित बीड चौकी पुलिस को इसकी सूचना दी गई। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस भी तुरंत मौके पर पहुंची और शव को पानी से बाहर निकाला गया। शवों की पहचान भगवान सिंह धाकड़ (66) और उनकी पत्नी सुनीता बाई (इंदौर निवासी) थे, जो रिलायंस कंपनी में जनरल मैनेजर पद से रिटायर हुए थे। वे पत्नी के साथ हनुवंतिया घूमने आए थे। जिन्होंने ऑनलाइन ही यहां की बुकिंग की थी और इस दौरान वे यहां बने कॉटेज में ही रुके थे।  हनुवंतिया में दंपती की मौत की खबर सुनकर परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक भगवानसिंह का साला और भतीजा अपने परिवार के साथ हनुवंतिया पहुंचे। दंपती की दो बेटियां अमेरिका में डॉक्टर हैं। वे दोनों दो दिन के ट्रिप पर हनुवंतिया आए थे और सोमवार शाम को इंदौर लौटने वाले थे, लेकिन तभी यह दर्दनाक हादसा हो गया। सोमवार सुबह एमपीटी रिसॉर्ट के मैन...

एमपी कांग्रेस में घमासान : पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह पर बड़ा आरोप, इंदौर कांग्रेस अध्यक्ष ने लिखी चिट्ठी

इंदौर (ब्यूरो) - मध्य प्रदेश कांग्रेस में घमासान जारी है। अब इसके दायरे में पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद, पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह भी आ गए हैं। इंदौर कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने दिग्विजय पर बड़ा आरोप लगाया और इसको लेकर एक पत्र भी लिखा। देवेन्द्र यादव ने दिग्विजय सिंह पर उन्हें अपमानित करने का आरोप लगाया है। उनका यह भी कहना है कि उस समय तो मैंने कुछ नहीं कहा लेकिन इस अपमान के जवाब में मैंने एक पत्र लिखा और उसे दिग्विजय सिंह की जेब में रख दिया।   देवेन्द्र यादव ने दिग्विजय सिंह को लिखे पत्र में कहा कि आपने बीजेपी के खिलाफ आंदोलन की जानकारी देते हुए कहा था कि पहले लोकसभा, विधानसभा और वार्ड जीतो। मैं बताना चाहता हूं कि आप के उम्मीदवार अक्षय बम जो 3 महीने पहले सक्रिय थे, अब बीजेपी में हैं। राजा मंधवानी, पार्षद अर्चना राठौड़ भी भाजपा में शामिल हुए लेकिन मैं भाजपा के खिलाफ लगातार आंदोलन करता रहा हूं और आगे भी करता रहूंगा।  दरअसल दशहरे पर इंदौर में दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस नेताओं से मुलाकात की। इसी दौरान देवेन्द्र यादव भी उनसे मिलने पहुंचे।...